रायगढ़: साउथ ईस्टर्न कोलफील्ड्स लिमिटेड (SECL) ने छत्तीसगढ़ के रायगढ़ जिले के रायगढ़ ब्लॉक में दिव्यांग बच्चों के लिए एकीकृत शिक्षा को बढ़ावा देने की दिशा में महत्वपूर्ण CSR पहल शुरू की है। कंपनी ने ‘दिव्यांग बच्चों के लिए एकीकृत शिक्षा’ प्रोजेक्ट की शुरुआत की है, जिसका उद्देश्य स्कूलों में ऐसा समावेशी सीखने का वातावरण तैयार करना है, जहां विशेष जरूरतों वाले बच्चों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा समान अवसर के साथ मिल सके। परियोजना का क्रियान्वयन श्री नवज्योत एजुकेशन ट्रस्ट द्वारा किया जा रहा है।
शिक्षा से लेकर पुनर्वास तक मिलेगा सहयोग
SECL की इस CSR पहल का फोकस दिव्यांग बच्चों की शुरुआती पहचान, उनके मूल्यांकन, स्कूलों में दाखिले और पढ़ाई जारी रखने में सहायता देने पर है। परियोजना के तहत बच्चों की व्यक्तिगत जरूरतों को ध्यान में रखते हुए शैक्षिक सहायता उपलब्ध कराने के साथ विशेष शिक्षा सेवाओं पर भी जोर दिया जाएगा।
जरूरत के अनुसार बच्चों को सहायक उपकरण, फिजियोथेरेपी और स्पीच थेरेपी जैसी सेवाएं भी उपलब्ध कराने की योजना है। इसके अलावा बच्चों के सर्वांगीण विकास के लिए शैक्षिक, चिकित्सीय और पुनर्वास संबंधी सहायता को एकीकृत रूप से उपलब्ध कराने पर जोर दिया गया है।
शिक्षकों और अभिभावकों की भी होगी भागीदारी
प्रोजेक्ट के तहत केवल बच्चों को सहायता देने तक सीमित न रहते हुए स्कूलों और परिवारों को भी समावेशी शिक्षा की प्रक्रिया से जोड़ा जाएगा। शिक्षकों की क्षमता बढ़ाने के लिए प्रशिक्षण और क्षमता निर्माण गतिविधियां आयोजित की जाएंगी, ताकि वे विशेष जरूरतों वाले विद्यार्थियों की आवश्यकताओं को बेहतर तरीके से समझकर उन्हें सहयोग दे सकें।
वहीं, माता-पिता के लिए काउंसलिंग की व्यवस्था भी प्रस्तावित है। स्कूलों में बाधामुक्त बुनियादी ढांचे को बढ़ावा देकर दिव्यांग बच्चों की पहुंच आसान बनाने तथा जागरूकता कार्यक्रमों के माध्यम से सामाजिक स्वीकार्यता और समावेश को मजबूत करने का लक्ष्य रखा गया है।
SECL अधिकारियों की रही मौजूदगी
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में SECL के महाप्रबंधक (मानव संसाधन/CSR) श्री अजय बेहेरा उपस्थित रहे। विशिष्ट अतिथि के रूप में रायगढ़ क्षेत्र के महाप्रबंधक श्री मनोज कुमार ने कार्यक्रम में सहभागिता की। इस अवसर पर स्टाफ अधिकारी (मानव संसाधन) श्री अग्रमान दास टंडन, प्रबंधक (CD) श्रीमती किरण डहंगा, सहायक प्रबंधक (CD) डॉ. गजानंद सहित SECL के अन्य अधिकारी और कर्मचारी मौजूद रहे।
कार्यक्रम का संचालन रायगढ़ क्षेत्र के प्रबंधक (मानव संसाधन) श्री जितेंद्र कुमार दुबे ने किया।
SECL की यह पहल शिक्षा और सामाजिक समावेशन के माध्यम से विशेष जरूरतों वाले बच्चों को मुख्यधारा से जोड़ने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। परियोजना के जरिए बच्चों को शिक्षा के साथ आवश्यक चिकित्सा, थेरेपी और पुनर्वास सहयोग उपलब्ध कराने पर जोर दिया जा रहा है, जिससे उनके आत्मविश्वास और समग्र विकास को मजबूत आधार मिल सके। SECL की CSR गतिविधियां शिक्षा, स्वास्थ्य और सामुदायिक विकास जैसे क्षेत्रों में सामाजिक प्रभाव बढ़ाने पर केंद्रित रही हैं।