NTPC बोंगाईगांव में हेड्स ऑफ ऐश मैनेजमेंट मीट-2026 का शुभारंभ

एनटीपीसी बोंगाईगांव में “Ash Utilization Meet 2026” का आयोजन शुरू हुआ। निदेशक (ऑपरेशंस) श्री रविंद्र कुमार ने डिजिटल ट्रांसफॉर्मेशन और सतत ऐश प्रबंधन पर जोर दिया।

NTPC Limited के बोंगाईगांव स्टेशन में 21 मई 2026 से दो दिवसीय “Ash Utilization Meet 2026” का आयोजन शुरू हुआ। “Driving Sustainable Ash Utilization with Digital Transformation” थीम पर आधारित इस कार्यक्रम का उद्घाटन निदेशक (ऑपरेशंस) श्री रविंद्र कुमार ने किया।

इस सम्मेलन का उद्देश्य डिजिटल पहल, बुनियादी ढांचे को मजबूत बनाने और एनटीपीसी स्टेशनों में सतत ऐश प्रबंधन को बढ़ावा देना है। कार्यक्रम में विभिन्न क्षेत्रों से आए विशेषज्ञों और अधिकारियों ने भाग लिया।

डिजिटल ट्रांसफॉर्मेशन और ऐश मैनेजमेंट पर जोर

उद्घाटन सत्र को संबोधित करते हुए निदेशक (ऑपरेशंस) श्री रविंद्र कुमार ने कहा कि फ्लाई ऐश को एक महत्वपूर्ण संसाधन और राजस्व सृजन के माध्यम के रूप में विकसित करना समय की आवश्यकता है।

उन्होंने ऐश प्रबंधन में डिजिटल इंटीग्रेशन की भूमिका पर विशेष बल दिया। साथ ही, सभी स्टेशनों को AsTraM पोर्टल का अधिकतम उपयोग करने का निर्देश दिया ताकि ट्रैकिंग, परिवहन निगरानी और बिलिंग प्रक्रियाओं में पारदर्शिता लाई जा सके।

इसके अलावा, उन्होंने लंबी दूरी की ऐश लॉजिस्टिक्स को मजबूत करने के लिए Rail-Cum-Road (RCR) मॉडल को बढ़ावा देने और DAES सुविधाओं को शीघ्र पूरा करने की आवश्यकता पर जोर दिया।

सुरक्षा और सतत विकास पर फोकस

श्री रविंद्र कुमार ने ऐश डाइक क्षेत्रों में सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देने की बात कही। उन्होंने कहा कि सतत विकास और पर्यावरण संरक्षण के लिए सुरक्षित और प्रभावी ऐश प्रबंधन बेहद महत्वपूर्ण है।

कार्यक्रम के उद्घाटन सत्र में आरईडी-ईआर II श्री विजय चंद, ईडी (ऐश मैनेजमेंट-एनआई) श्री आर.बी. मलिक, ईडी-एसएसईए श्री चंद्रमौली कसीना, एचओपी बोंगाईगांव श्री अर्नब मैत्रा, जीएम कॉर्पोरेट विजिलेंस श्री जी. राजा शेखर, जीएम ओएंडएम बोंगाईगांव श्री अनुराग गुप्ता और जीएम एएमसीसी श्री सुभाष गोखले सहित कई वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।

तकनीकी सत्र और फील्ड विजिट आयोजित

इस दो दिवसीय कार्यक्रम में एएमसीसी, कॉर्पोरेट विजिलेंस, विभिन्न एनटीपीसी स्टेशनों और यूएसएससी ग्रुप द्वारा प्रस्तुतियां दी जाएंगी। इसके साथ ही, नई पहलों पर विशेष सत्र भी आयोजित किए जाएंगे।

कार्यक्रम के अंतर्गत NTPC बोंगाईगांव ऐश डाइक का तकनीकी दौरा भी प्रस्तावित है। इससे प्रतिभागियों को व्यावहारिक जानकारी मिलेगी और समाधान आधारित सहयोग को बढ़ावा मिलेगा।