कोल इंडिया लिमिटेड (CIL) के करीब 1.96 लाख गैर-कार्यकारी कर्मचारियों के लिए साल 2026 का बोनस यानी प्रदर्शन आधारित पुरस्कार (PLR) तय हो गया है। कोलकाता स्थित कोल इंडिया मुख्यालय में 3 अक्टूबर को आयोजित एपेक्स जेसीसी (Apex JCC) की बैठक में प्रबंधन और केंद्रीय श्रमिक संगठनों के बीच 1,10,250 रुपये के वार्षिक PLR पर सहमति बनी। इस फैसले से कंपनी की विभिन्न अनुषंगी इकाइयों में कार्यरत हजारों कोयला कर्मचारियों को त्योहार से पहले बड़ी राहत मिली है।
यूनियन ने मांगे थे 1.20 लाख रुपये, प्रबंधन ने रखा था 1.08 लाख का प्रस्ताव
कोल इंडिया के चेयरमैन बी. साईराम की अध्यक्षता में आयोजित बैठक में बोनस की राशि को लेकर प्रबंधन और श्रमिक संगठनों के बीच विस्तार से चर्चा हुई। श्रमिक संगठनों ने इस वर्ष कर्मचारियों के लिए 1.20 लाख रुपये PLR की मांग रखी थी। वहीं, प्रबंधन की ओर से शुरुआत में 1.08 लाख रुपये का प्रस्ताव रखा गया था।
दोनों पक्षों के बीच बातचीत और वित्तीय आंकड़ों के आकलन के बाद 1,10,250 रुपये की राशि पर अंतिम सहमति बनी। पिछले वर्ष यानी 2025 में कोल इंडिया के गैर-कार्यकारी कर्मचारियों को 1,03,000 रुपये PLR मिला था। इस तरह इस वर्ष बोनस में 7,250 रुपये की बढ़ोतरी हुई है।
1,96,753 कर्मचारियों को मिलेगा बोनस
एक अप्रैल 2026 के आंकड़ों के अनुसार, कोल इंडिया में कुल 1,96,753 गैर-कार्यकारी कर्मचारी कार्यरत हैं। वर्ष 2026 के लिए निर्धारित PLR का लाभ इन्हीं कर्मचारियों को मिलेगा। इसके अलावा, निर्धारित पात्रता और नियमों के अनुसार 1 अप्रैल 2025 से 31 मार्च 2026 के बीच सेवानिवृत्त हुए लगभग 8,351 कर्मचारियों को भी इसका लाभ मिलने की जानकारी सामने आई है।
सिंगरैनी कोलियरीज कंपनी लिमिटेड (SCCL) के करीब 32 हजार कर्मचारियों के लिए भी बोनस का प्रावधान है।
छह वर्षों में 41,750 रुपये बढ़ा कोल इंडिया का बोनस
कोल इंडिया कर्मचारियों के PLR में पिछले कुछ वर्षों के दौरान लगातार वृद्धि हुई है। वर्ष 2020 में जहां कर्मचारियों को 68,500 रुपये बोनस मिला था, वहीं 2026 में यह राशि बढ़कर 1,10,250 रुपये हो गई है।
पिछले वर्षों में PLR का विवरण इस प्रकार है:
- 2020: 68,500 रुपये
- 2021: 72,500 रुपये
- 2022: 76,500 रुपये
- 2023: 85,000 रुपये
- 2024: 93,750 रुपये
- 2025: 1,03,000 रुपये
- 2026: 1,10,250 रुपये
इस प्रकार छह वर्षों में कर्मचारियों के वार्षिक PLR में कुल 41,750 रुपये की बढ़ोतरी दर्ज की गई है। यह कोल इंडिया कर्मचारियों के बोनस में लगातार हो रही वृद्धि को दर्शाता है।
बैठक में चार केंद्रीय ट्रेड यूनियन शामिल
PLR निर्धारण के लिए आयोजित बैठक में चार प्रमुख केंद्रीय श्रमिक संगठनों के प्रतिनिधियों ने हिस्सा लिया। इनमें भारतीय मजदूर संघ (BMS), हिंद मजदूर सभा (HMS), ऑल इंडिया ट्रेड यूनियन कांग्रेस (AITUC) और सेंटर ऑफ इंडियन ट्रेड यूनियन्स (CITU) के प्रतिनिधि शामिल थे।
बैठक में प्रबंधन की ओर से निदेशक मार्केटिंग एवं प्रभारी निदेशक मानव संसाधन मुकेश चौधरी और निदेशक वित्त मुकेश अग्रवाल भी मौजूद रहे।
बैठक के दौरान प्रबंधन ने व्यावसायिक सुरक्षा, स्वास्थ्य और कार्य परिस्थितियों से संबंधित Occupational Safety, Health and Working Conditions Code, 2020 (OSH Code-2020) पर प्रेजेंटेशन भी दिया। इसके प्रावधानों और श्रमिकों से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर चर्चा हुई।
हालांकि, इस बार बोनस वार्ता में INTUC की भागीदारी को लेकर भी विवाद सामने आया। संगठन ने अपने प्रतिनिधि को बैठक में शामिल कराने के लिए कलकत्ता हाईकोर्ट का रुख किया था।
कुल मिलाकर, कोल इंडिया का 1,10,250 रुपये PLR समझौता करीब दो लाख गैर-कार्यकारी कर्मचारियों के लिए महत्वपूर्ण राहत है। पिछले वर्ष की तुलना में 7,250 रुपये की वृद्धि के साथ 2026 का बोनस कर्मचारियों की आय में अतिरिक्त सहायता प्रदान करेगा।